कर्मचारी विरोधी फैसले ले रही प्रदेश सरकार

By: Jul 31st, 2016 12:01 am

 मंडी— प्रदेश सरकार के कार्यकाल को चार वर्ष होने जा रहे हैं, लेकिन आज तक कर्मचारियों की एक भी मांग को अमलीजामा नहीं पहनाया जा सका है। प्रदेश अराजपत्रित कर्मचारी महासंघ के महामंत्री एनआर ठाकुर ने कहा कि सरकार नित नए कर्मचारी विरोधी फैसले लेकर कर्मचारियों का मनोबल गिराने का काम कर रही है। संयुक्त सलाहकार समिति की बैठकें कर्मचारी मांगों पर चर्चा करने का एक विशेष प्लेटफार्म होता था, लेकिन सरकार ने उसे भी खत्म कर दिया। चार वर्षों में सरकार ने केवल एक ही बैठक बुलाई और वह भी बेनतीजा साबित हुई। उन्होंने कहा कि आज सरकार कुछ वर्गों की सेवानिवृत्ति आयु 60 वर्ष कर रही है, जबकि कुछ की 58 वर्ष आयु रखकर भेदभाव की खाई पैदा कर ही है। कांग्रेस सरकार ने सत्ता में आने से पहले कर्मचारियों से वादा किया था कि 4-9-14 का लाभ 2006 से दिया जाएगा, लेकिन सरकार अपने वादे से पूरी तरह मुकर चुकी है। श्री ठाकुर ने कहा कि सरकार का यह कार्यकाल कर्मचारी और मजदूर विरोधी रहा है। उन्होंने सरकार से सेवानिवृत्ति की आयु 60 वर्ष करने का आग्रह किया है।