बच्ची की मौत पर पीटा डाक्टर

By: Nov 2nd, 2010 11:24 pm

स्टाफ रिपोर्टर, शिमला

आईजीएमसी में सोमवार रात डेढ़ बजे नवजात बच्ची की मौत पर उसके तीमारदारों ने डाक्टर को एक अकेले कमरे में ले जाकर जमकर धुनाई कर दी। डाक्टर को चोटें आने के कारण आईजीएमसी के स्पेशल वार्ड में भर्ती कर दिया गया है। उधर, मृतक बच्ची के पिता व एक तीमारदार के खिलाफ सदर थाना में आईपीसी की धारा 353 व 332 के तहत एफआईआर दर्ज की है। पुलिस ने आरोपी तीमारदार लोकेंद्र शर्मा निवासी चौपाल को गिरफ्तार कर लिया है। नवजात का पिता यशपाल कौशल निवासी फागली मूलतः नालागढ़ का रहने वाला है। एसपी सोनल अग्निहोत्री ने कहा कि मामले की छानबीन की जा रही है। पिडिएट्रिक्स रेजिडेंट डा. सुधीर मेहता (पीडि़त) के मुताबिक तीमारदारों को बच्चे का मृत प्रमाणपत्र देने के दौरान यह घटना पेश आई। बताया जाता है कि दस दिन के शिशु को चेस्ट इन्फेक्शन हो गया था। 22 अक्तूबर को शिशु को पहले भर्ती करवाया गया, जिसके बाद पांच दिन का इलाज देने के बाद उसे डिस्चार्ज कर दिया गया। शिशु की हालत बिगड़ने पर 30 अक्तूबर को उसे दोबारा भर्ती किया गया। इस दौरान सोमवार शाम को उसकी मौत हो गई। फिलहाल डाक्टर के सिर और छाती में गहरी चोटें आई है। मंगलवार सुबह आरडीए ने तब तक अस्पताल में काम करने से इनकार कर दिया, जब तक अस्पताल प्रशासन ने डाक्टरों के लिए तुरंत कार्रवाई नहीं की। आईजीएमसी के प्रिंसीपल डा. सुरेंद्र कश्यप ने कहा कि दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। तीमारदारों ने आरोप लगाया कि आईजीएमसी में पिडएट्रिक्स में बच्चे को आक्सीजन कम पड़ गई थी। समय रहते डाक्टर उसका इलाज नहीं कर पाए।